परिवार ने लगाया अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप, जांच के बाद होगा मुकदमा
बाराबंकी। बुखार से ग्रसित होने पर निजी अस्पताल में भर्ती कराए गए युवक की उपचार के दौरान मौत हो गई। परिवारजन ने कहने के बाद भी डिस्चार्ज न करने और उपचार में लापरवाही का आरोप लगाया है। यही नहीं मौत के बाद शव को बाहर रखने का आरोप भी लगाया गया है। पीड़ित पिता ने अस्पताल प्रशासन के खिलाफ सफदरगंज पुलिस को तहरीर दी है।
मसौली थाना के भोहरा खुर्द निवासी हरि प्रसाद शुक्ला के 24 वर्षीय पुत्र अनुपम शुक्ला को मंगलवार को बुखार हुआ, तो शाम को परिवारजन उसे सफदरगंज थाना के रामपुर कटरा स्थित एक निजी अस्पताल में लेकर पहुंचे। जहां चिकित्सकों ने उसे भर्ती कर लिया। कुछ देर बाद ही उपचार के दौरान युवक की हालत बिगड़ी और संदिग्ध परिस्थितियों में उसकी मृत्यु हो गई। युवक की मौत से चीख पुकार मच गई। परिवारजन ने अस्पताल के चिकित्सकों पर उपचार में लापरवाही से मौत का आरोप लगाया है। मृतक के पिता ने सफदरगंज पुलिस को तहरीर देकर आरोपित अस्पताल के संचालक सहित उनके कर्मचारियों पर मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। एसओ अमर कुमार चौरसिया ने बताया कि तहरीर मिली है। जांच के बाद मामले में मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
शव बाहर रखने का आरोप : मृतक अनुपम के चचेरे भाई रवि ने बताया कि अस्पताल में किसी विशेषज्ञ चिकित्सक के न होने के बाद भी अस्पताल कर्मचारियों ने भर्ती कर स्वंय उपचार भी शुरू कर दिया। परिवारजन डिस्चार्ज करने का अनुरोध किया, लेकिन नहीं किया गया। कुछ देर बाद ही अनुमप की मौत हो गई, जिसके बाद अस्पताल के लोगों ने कहीं और लेने जाने को कहा और शव को निकाल कर बाहर रख दिया।
अकेला वारिस : अनुपम अपने पिता हरिप्रसाद शुक्ला का अकेला पुत्र था। अनुपम की मौत से अब हरिप्रसाद के बुढ़ापे का सहारा भी नहीं रहा। अनुपम अपने पिता के साथ खेती बाड़ी में हाथ भी बटाता था।