बाराबंकी। 2011 से पूर्व नियुक्त शिक्षकों के लिए टीईटी उत्तीर्ण करना अनिवार्य किए जाने के विरोध में जिले के शिक्षकों ने आंदोलन का एलान कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के खिलाफ शिक्षकों में आक्रोश व्याप्त है।
टीचर्स फेडरेशन आफ इंण्डिया के आह्वान पर जिले सहित प्रदेश भर में चरणबद्ध आंदोलन चलाया जाएगा। उत्तर प्रदेश जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष अशोक सिंह ने बताया कि 22 फरवरी को विरोध स्वरूप सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर हैशटैग अभियान चलाया जाएगा। 23 से 25 फरवरी तक शिक्षक काली पट्टी बांधकर शिक्षण कार्य करेंगे।
उन्होंने बताया कि 26 फरवरी को सभी शिक्षक बीएसए कार्यालय पर धरना प्रदर्शन करेंगे। इसके बाद पैदल मार्च करते हुए जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपेंगे।
वहीं उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष पवन कुमार वर्मा और महिला शिक्षक संघ की जिलाध्यक्ष शहनाज परवीन ने शिक्षकों से आंदोलन में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की है।
शिक्षक नेताओं का कहना है कि सेवा में कार्यरत शिक्षकों के लिए नई शर्तें लागू करना अन्यायपूर्ण है। उन्होंने चेतावनी दी कि मांगें न मानी गईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।