-
दरियाबाद के शायर खुदा बक्श ने सूफी संत के जीवनकाल में लिखी थी यह किताब
हाजी वारिस अली शाह की ‘तुफतुल असफिया’ फिर होगी प्रकाशित, तीन भाषाओं में होगा अनुवाद
उन्होंने बताया कि पुस्तक का उद्देश्य नई पीढ़ी को सूफिज्म की मूल भावना और हाजी वारिस अली शाह के आदर्शों से जोड़ना है। ट्रस्ट ने इसके व्यापक प्रचार-प्रसार की योजना भी तैयार की है।
RELATED ARTICLES



