Saturday, June 6, 2026
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इलाज के नाम पर चल रहे धर्मांतरण के खेल की पुलिस ने खोली पोल

  • रविवार को छापेमारी कर बरामद किए धार्मिक पुस्तकें, कई हिरासत में

बाराबंकी। एक मकान में उपचार के नाम पर प्रलोभन देकर प्रार्थना सभा के आंड़ में चल रहे धर्मांतरण के खेल चल रहा था। रविवार को सूचना पर पहुंची पुलिस ने कई लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। छापेमारी स्थल से धार्मिक ग्रंथ भी पुलिस ने बरामद किए हैं।

सफदरगंज थाने के अकबरपुर गांव के बेलहरी बाग मुहल्ले में स्थित एक मकान के हाल में प्रार्थना सभा कराई जा रही थी, जिसमें ईसाई धर्म का चिह्न लगा था और उनका धार्मिक ग्रंथ भी था। बताया जाता है कि गांव के अनुसूचित जाति के लोगों को बुलाकर प्रार्थना कराई जा रही थी। जिस कमरे में प्रार्थना सभा कराई जा रही थी, वह कमरा मुख्य रूप से इसी कार्यक्रम के लिए दो वर्ष पहले बनवाया गया था, जिसके बाद से प्रार्थना सभा की जाती है। चर्चा है कि यहां कई लोगों का मतांतरण कराया गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने मौके से सभी लोगों को हिरासत में लिया और उनसे पूछताछ कर रही है। प्रार्थना करवाने वाला उमेश नामक व्यक्ति थाना जहांगीराबाद का रहने वाला है। उसने बताया कि प्रार्थना सभा का यह कार्यक्रम करीब दो वर्षों से चल रहा है। धार्मिक गतिविधियों की आड़ में इस सभा में महिलाएं, पुरुष और बच्चों सहित करीब 24 लोग मौजूद थे, जो सभी अनुसूचित जाति के बताए जाते हैं।

प्रार्थना का संचालन कर रहे जहांगीराबाद के उमेश कुमार ने बताया कि वह प्रत्येक रविवार को यहां आता है। पुलिस ने प्रार्थना सभा हाल से धार्मिक किताबें बरामद कर जब्त की हैं। मौके पर मौजूद कोतवाली नगर के मुहल्ला गांधीनगर निवासी मुकेश कुमार ने बताया कि वह अपनी भाभी और दो बच्चों के साथ बीमारी से मुक्ति पाने के लिए प्रार्थना में आते हैं। स्थानीय युवक विनय के अनुसार, लोगों ने कमरा बनाने के लिए जमीन मांगी थी। बाद में वहां चर्च बना दिया गया।सफदरगंज थानाध्यक्ष अमर कुमार चौरसिया ने बताया कि मौके से धार्मिक ग्रंथ मिला है। सभा में सभी अनुसूचित जाति के लोग शामिल थे। मामले की पड़ताल चल रही है और उच्चाधिकारियों को अवगत कराया गया है। साक्ष्य और निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई होगी।

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