बाराबंकी। तीन वर्ष पहले सगे भाई को हसिए से वार कर मौत के घाट उतार दिया गया था। इस मामले में हत्यारोपित भाई को दोषी पाए जाने पर विशेष अपर सत्र न्यायाधीश ईसी एक्ट राकेश कुमार सिंह ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही कोर्ट ने अभियुक्त को पचास हजार का अर्थदंड भुगतने का भी आदेश दिया है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता अरविंद राजपूत ने बताया कि वादी मुकदमा अर्जुन गौतम निवासी हुसैन मऊ ने कोतवाली देवा में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 01 मई 2022 को गांव में ही रहने वाला उसका भाई राजेंद्र गौतम अपने मकान के सामने लगे जामुन के पेड़ की छटाई कर रहा था तभी भाई ऩौमीलाल गौतम ने उसे मना किया। जिस पर दोनों में कहासुनी होने लगी इसी बीच राजेंद्र गौतम ने पास में पड़े डंडे से उसे मारने शुरू कर दिया।जब वह नीचे गिर गया तभी राजेंद्र गौतम ने उसपर हंसिए से कई वार कर बुरी तरह से घायल कर दिया था। बीच बचाव करने के लिए मौके पर पहुंचे लोगों ने 112 डायलकर पुलिस को बुलाया। पुलिस आनन फानन में उसे लेकर देवा के सरकारी अस्पताल ले गई थी। जहां डाक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया था। गवाहों के बयान व दोनों पक्षों की बहस होने के पश्चात न्यायाधीश ने मामले की गंभीरता व तथ्यों को देखते हुए अभियुक्त राजेंद्र गौतम को आजीवन कारावास व ₹50000 अर्थदंड भुगतने का आदेश दिया है।