देवा पुलिस एवं साइबर क्राइम थाना पुलिस की संयुक्त कार्यवाही
देवा थाना क्षेत्र के निवासी है गिरफ्तार दोनों आरोपी
बाराबंकी। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों पर ब्लैकमेलिंग और ऑनलाइन टास्क के नाम पर लोगों से ठगी करने वाले दो साइबर अपराधियों को साइबर क्राइम थाना/साइबर सेल और थाना देवा की संयुक्त टीम ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से 03 लाख 60 हजार नगदी एवं दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं। दोनों आरोपितों के खिलाफ देवा पुलिस ने धोखाधड़ी एवं आईटी एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय के निर्देश पर साइबर अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई।
टीम ने शनिवार को कुर्सी मोड़ नहर पुलिया से थाना देवा के मोहल्ला कचेहरान निवासी राजन सिंह पुत्र तेज सिंह एवं अड़ौरा गांव निवासी अनूप कुमार पुत्र शत्रोहन लाल को गिरफ्तार किया है। दोनों को जेल भेज दिया गया है।
एसपी ने बताया कि छानबीन में सामने आया कि दोनों एक संगठित गिरोह का हिस्सा हैं। ये लोग टेलीग्राम और व्हाट्सऐप जैसे प्लेटफॉर्मों का उपयोग करके अश्लील सामग्री लोगों को भेजकर ब्लैकमेल करते थे। इसके अलावा ‘वर्क फ्रॉम होम’, ‘ऑनलाइन टास्क’, ‘इन्वेस्टमेंट’ और ‘पैसे कई गुना बढ़ाने’ के नाम पर धोखाधड़ी करते थे। आरोपित पहले भरोसा जीतते और फिर मोबाइल में स्कैनर, वीपीए लिंक भेजकर पैसे ट्रांसफर करा लेते थे।
देवा प्रभारी निरीक्षक अजय कुमार त्रिपाठी जांच में यह भी पता चला कि आरोपितों ने गुजरात और उड़ीसा के दो लोगों से साइबर ठगी की है। गुजरात के पीड़ित ने 1930 हेल्पलाइन के माध्यम से शिकायत भी दर्ज कराई गई है। राजन सिंह ने अपने पिता का नाम बदलकर एयरटेल पेमेंट बैंक में खाता भी खोला था, जिसका उपयोग धोखाधड़ी में किया जा रहा था। पुलिस अब गिरोह के फरार अन्य आरोपियों यशराज सिंह पुत्र जैनेन्द्र सिंह व सिद्धार्थ तिवारी पुत्र संजय तिवारी निवासी इस्माईलगंज, लखनऊ की तलाश में जुट गई है। साथ ही इन लोगों के खाते में खंगाले जा रहे हैं।
पुलिस की अपील: बाराबंकी पुलिस ने जनता से अपील की है कि सोशल मीडिया पर अज्ञात नंबरों से आने वाले संदेशों, वीडियो कॉल, अश्लील कंटेंट या ‘घर बैठे नौकरी’ और ‘पैसा दोगुना’ जैसे किसी भी लालच से सावधान रहें। किसी भी साइबर धोखाधड़ी की तत्काल शिकायत cybercrime.gov.in पर करें या हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें।