विज्ञान विषय की थी शिक्षिका, दूसरे स्कूल के शिक्षकों से हुईपति को जानकारी
बाराबंकी। सतरिख थाना क्षेत्र के कम्पोजिट विद्यालय उधवापुर में शनिवार सुबह एक शिक्षिका ने प्रधानाध्यापक कक्ष में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना से विद्यालय में हड़कंप मच गया। परिजनों ने विद्यालय के कुछ शिक्षकों पर मानसिक उत्पीड़न का आरोप लगाया है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है।
नगर कोतवाली क्षेत्र के जलालपुर मोहल्ला निवासी उमा वर्मा (40) विकास खंड हरख के कम्पोजिट विद्यालय उधवापुर में यूपीएस में विज्ञान विषय की सहायक अध्यापक थीं। उनके पति ऋषि वर्मा सिद्धौर ब्लॉक के यूपीएस टेड़वा में शिक्षक हैं। शनिवार सुबह दोनों साथ घर से निकले थे। ऋषि वर्मा उमा को करीब साढ़े नौ बजे विद्यालय छोड़कर अपने विद्यालय चले गए थे।
विद्यालय में प्रधानाध्यापक समेत 11 शिक्षक, तीन अनुदेशक और दो शिक्षामित्र कार्यरत हैं। दोपहर करीब साढ़े 11 बजे उमा प्रधानाध्यापक कक्ष में गई। कुछ देर बाद शिक्षकों ने कक्ष में जाकर देखा तो उनका शव पंखे से नायलॉन की रस्सी के सहारे लटका मिला।
घटना के बाद आरोप है कि करीब एक घंटे तक मामले को दबाए रखा गया और मृतका के पति को सूचना नहीं दी गई। बाद में जानकारी मिलने पर ऋषि वर्मा विद्यालय पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने शव को फंदे से उतरवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
मृतका के पति ऋषि वर्मा और भाई शिवकांत का आरोप है कि विद्यालय के कुछ शिक्षक उमा के कार्य को लेकर तंज कसते थे, जिससे वह मानसिक रूप से परेशान रहती थीं। परिजनों के अनुसार यह स्थिति पिछले डेढ़ वर्ष से बनी हुई थी। उमा की नियुक्ति वर्ष 2019 में हुई थी।
सतरिख थाना के प्रभारी निरीक्षक डीके सिंह ने बताया कि शिक्षिका के आत्महत्या करने की सूचना मिली थी। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है। इस मामले में अभी कोई तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने पर मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।